गहरी नींद (poetry)
गहरी नींद गहरी नींद तुम्हारा स्वप्न.. कहानी कही अनकही सी..…
गहरी नींद गहरी नींद तुम्हारा स्वप्न.. कहानी कही अनकही सी... तेरे मेरे जज्बात कुछ पल साथ गुजरने का... एक नन्हा सा तारा…
Read moreभूल सकना (poem) भूल सकना मुमकिन होता तो तुम्हें जरूर भुला देते। रोज आग में जलना किसे अच्छा लगता है। । कोई दवा कोई दुआ होती तो जरूर आज…
Read moreभूल (poem) हमारी भूल थी हमने कुछ ज्यादा ही तमनाएँ पाल ली। खुशफहमी हो चली थी अपनी तकदीर पे हमारी भूल थी। कुछ पन्ने खुलते ही हैं बंद हो…
Read moreMuktak *दर्द में दुख में उदासी में तन्हाई में जब तक हम रोते हैं तब तक-सब ठीक है जिस दिन आँसू सुख जाये तब-सब ठीक नहीं होता। * पास…
Read moreमु्ददतों के बाद बड़ी मु्ददतों के बाद तुम्हें पाया है डर है कि तुम फिर चले ना जाओ... करोड़ो सीपियों के बीच तुम्हें ढुंढा है डर है कि तुम क…
Read moreकोई इंतजार करता चला जाता है तारीखें बदलती रहती है दिन गुजरता रहता है थमा - थमा सा वक़्त भी चला ही जाता है पर कोई बिछोह के उस लम्हें में …
Read moreजब तु याद आये जब तू याद आये इस कदर कि गीली लकड़ी सी सुलगूँ और अपने ही बेजार दिल को थामूँ जब तु याद आये इस कदर कि आसमां की चांदनी भी मा…
Read moreमुस्कुराती हूँ मुस्कुराती हूँ दुख हो या सुख हो याद में या इंतज़ार में मिलन हो या बिछोह में दर्द में या रुदन में ऊँच में या नीच में मान में या अपमान म…
Read moreमन (कविता) मन को तरह - तरह से समझाया कभी फुसलाया कभी बहलाया बात नहीं बनी तो कभी डांटा कभी फटकारा सौ - सौ उलहाने दिये खुद को सौ - सौ जतन …
Read moreभले ही ना आओ उम्र भर भले ही ना आओ उम्र भर पर कह के जाना आऊंगा .... भले ही ना मिलो फिर कभी पर कह के जाना फिर मिलेंगे..…
Read moreमुक्तक् 1. जो कहीं हो तो ढुंढ लूँ उसे जो हर जगह है उसका कैसे पता करूँ 2. खुद को ढुँढु अपना पता खोजूँ सब खो के ही ख…
Read moreतुम्हारी यादें तुम्हारी यादें धूप का एक टुकड़ा ओस की बुंदे पतझड़ का फूल तन्हाइयों की बातें और शाम की रोशनाई लफ्ज़ बुद-बुदाये तेरा शुक्र…
Read moreकेतु (कविता) जो दिल से उतर जाते वो माथे पे नहीं सजते हैं । जो नजर से गिर जाते वो माथे का गुरूर नहीं बनते हैं ।। वो खुश हैं इस भ्रम में …
Read moreशनि महादशा शनि दशा आती है तो सब जीरो हो जाता है जीरो से उपर आने में वक्त लगता है फिर मिले ना मिले अभिलाषा खत्म हो जाती है जीवन की श…
Read moreफरेब (कविता /Poetry) झूठे लोग तस्वीर बड़ी अच्छी बनाते हैं अपनी... रावण के तो दस सिर थे ये तो सौ-पचास मुखौटे लिया घूमते हैं ... इनके…
Read moreगहरी नींद गहरी नींद तुम्हारा स्वप्न.. कहानी कही अनकही सी..…