गहरी नींद (poetry)
गहरी नींद गहरी नींद तुम्हारा स्वप्न.. कहानी कही अनकही सी..…
मुस्कुराती हूँ मुस्कुराती हूँ दुख हो या सुख हो याद में या इंतज़ार में मिलन हो या बिछोह में दर्द में या रुदन में ऊँच में या नीच में मान में या अपमान म…
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