भूल सकना (poem)
तो तुम्हें जरूर भुला देते।
रोज आग में जलना
किसे अच्छा लगता है। ।
कोई दवा कोई दुआ होती
तो जरूर आजमा लेते।
कोई मन्दिर कोई मस्जिद होता
सदका करके तुम्हें भुला पाते
तो तुम्हें जरूर भुला देते। ।
तुम कौन हो जो तुम हो वो दिखाते नहीं खुद को खुद से छिपाते हो तुम एक झीनी …
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